
हल्द्वानी। चोरगलिया रोड–गोला पुल लिंक मार्ग पर चल रहे निर्माण कार्य और अधूरी सुरक्षा दीवार को लेकर उठ रहे सवालों के बीच जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल ने लोक निर्माण विभाग (PWD) को बाढ़ सुरक्षा से जुड़े सभी कार्य प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही गोला पुल से लगातार सामने आ रही आत्महत्या की घटनाओं को रोकने के लिए पुल पर सुरक्षा जाल (नेट) लगाने की दिशा में भी पहल शुरू कर दी गई है।
बीते वर्ष मानसून के दौरान क्षतिग्रस्त हुए चोरगलिया रोड रेलवे फाटक से गोला पुल को जोड़ने वाले लिंक मार्ग के पुनर्निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि सड़क की मरम्मत का कार्य जारी है, लेकिन गोला नदी में बनाई जा रही सुरक्षा दीवार अब तक पूरी नहीं होने से स्थानीय लोगों में नाराजगी बनी हुई है। हाल ही में लालकुआं विधायक मोहन सिंह बिष्ट ने भी मौके का निरीक्षण कर निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग की थी।
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने बताया कि लोक निर्माण विभाग द्वारा किए जा रहे बाढ़ सुरक्षा कार्यों का कुछ हिस्सा अभी शेष है। उन्होंने अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग हल्द्वानी को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सुरक्षा दीवार और बाढ़ सुरक्षा से जुड़े सभी कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ पूरे किए जाएं।
उन्होंने बताया कि एप्रोच मार्ग के निर्माण के लिए करीब दो करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। स्वीकृति मिलने से पहले भी विभाग को उपलब्ध संसाधनों से आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
गोला पुल से लगातार सामने आ रही आत्महत्या की घटनाओं पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि पुल को आत्मघाती घटनाओं का केंद्र बनने से रोकने के लिए संबंधित विभागों को सुरक्षा जाल (नेट) अथवा अन्य सुरक्षा संरचना लगाने की संभावनाओं का विस्तृत आकलन कर डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन का कहना है कि पुल पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
