कुट्टू के आटे की गुणवत्ता पर सख्ती, खाद्य सुरक्षा विभाग सतर्क
हल्द्वानी, रुद्रपुर: नवरात्रि के दौरान कुट्टू के आटे के सेवन से कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ने के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग सतर्क हो गया है। विभाग ने शहरभर में छापेमारी अभियान तेज कर दिया है, रिलायंस मॉल दुर्गा सिटी सेन्टर का निरीक्षण कर कूट्टु के आटे के संबंध में निर्देश दिये गए तथा मोके से साबूदाना का एक नमूना संग्रहीत कर प्रयोगशाला भेजा गया। जिला अभिहित अधिकारी संजय कुमार ने बताया कि इस घटना के बाद विभागीय मंत्री और आयुक्त के सख्त निर्देशों के तहत आटे की गुणवत्ता की जांच की जा रही है।
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम लगातार दुकानों पर छापेमारी कर रही है और आटे के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेज रही है। व्यापारियों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे केवल ताजा और शुद्ध कुट्टू का आटा ही बेचें। यदि किसी को आटे की गुणवत्ता पर संदेह है तो उसे न बेचें। व्यापार संघ ने भी इस पहल का समर्थन किया है और मानकों के अनुरूप खाद्य पदार्थों की बिक्री सुनिश्चित करने की अपील की है।


ऊधम सिंह नगर में खाद्य पदार्थों पर कड़ी निगरानी
नवरात्रि त्योहार को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सघन निरीक्षण अभियान चलाया। 03 अप्रैल 2025 को अपर आयुक्त और उपायुक्त कुमाऊं मण्डल के निर्देशों पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने ऊधम सिंह नगर के विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण किया।
इस दौरान सितारगंज और रुद्रपुर में खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए। सितारगंज से 01 मस्टर्ड ऑयल, 01 बेसन और रुद्रपुर से 01 सिंघाड़े के आटे के कुल 03 नमूने लिए गए, जिन्हें राजकीय खाद्य एवं औषधि प्रयोगशाला, रुद्रपुर भेजा गया। साथ ही, छापेमारी में 07 पैकेट सिंघाड़े का आटा (पैक्ड) और 36 पैकेट कुट्टू का आटा (पैक्ड) संदिग्ध अवस्था में पाए गए, जिन्हें मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
कठोर कार्रवाई की चेतावनी
जिला अभिहित अधिकारी, डॉ. प्रकाश फुलारा ने सभी खाद्य कारोबारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे केवल ब्रांडेड और मानकों के अनुरूप खाद्य पदार्थों की ही बिक्री करें। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई कारोबारी एफएसएसएआई एक्ट 2006 के मानकों के विपरीत खाद्य पदार्थों का विक्रय करता है या बिना पंजीकरण/लाइसेंस के कारोबार करता है, तो उसके खिलाफ कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही, सभी खाद्य कारोबारियों को निर्देशित किया गया कि वे खाद्य पदार्थों के बिलों पर एफएसएसएआई लाइसेंस नंबर अंकित करें और केवल पंजीकृत और लाइसेंसधारी आपूर्तिकर्ताओं से ही खाद्य पदार्थों की खरीद करें।
जनता से अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे खाद्य पदार्थों की खरीदारी करते समय निर्माण तिथि, उपभोग की तिथि और लाइसेंस नंबर अवश्य जांचें। यदि किसी खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता संदिग्ध हो या उसमें अशुद्धता पाई जाए, तो टोल-फ्री नंबर 18001804246 पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं। विभाग का कहना है कि शुद्ध और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए यह अभियान निरंतर जारी रहेगा।
