
हल्द्वानी में सघन चेकिंग के दौरान नैनीताल पुलिस ने खुद को इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) का अधिकारी बताकर रौब दिखाने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से फर्जी IB आईडी कार्ड, इंटेलिजेंस ब्यूरो से संबंधित फर्जी दस्तावेज, पिस्टल जैसी दिखने वाली एयरगन, नीली बत्ती लगी हुंडई कार और “भारत सरकार” का बोर्ड बरामद किया गया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी एयरगन अपने साथ लोगों पर रौब जमाने के उद्देश्य से रखता था।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देश पर जनपद में बाहरी एवं संदिग्ध व्यक्तियों तथा वाहनों की सघन चेकिंग की जा रही है। इसी क्रम में 12 सितंबर 2026 को हल्द्वानी थाना क्षेत्र के तिकोनिया चौराहे पर पुलिस टीम संदिग्ध वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान काठगोदाम की ओर से एक हुंडई कार संख्या UP25CS 9327 आती दिखाई दी। कार पर लाल-नीली बत्ती और “भारत सरकार” का बोर्ड लगा हुआ था।
पुलिस ने कार को रोककर चालक से पूछताछ की तो उसने खुद को IB Officer बताते हुए एक आईडी कार्ड दिखाया। आरोपी ने अपना नाम मो. मोहासिब खान पुत्र मो. अयूब खान, उम्र 24 वर्ष, निवासी शाहबाद गेट, मोहल्ला ईदगाह, थाना कोतवाली, रामपुर, उत्तर प्रदेश बताया। जब पुलिस ने उसकी नियुक्ति और पद से संबंधित जानकारी मांगी तो वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। आईडी कार्ड और दस्तावेजों पर संदेह होने के बाद पुलिस ने कार की तलाशी ली।
तलाशी के दौरान डैशबोर्ड से फर्जी IB आईडी कार्ड, इंटेलिजेंस ब्यूरो से संबंधित फर्जी कागजात और पिस्टल जैसी दिखने वाली एयरगन बरामद हुई। कार पर नीली बत्ती और “भारत सरकार” का बोर्ड भी लगा हुआ था। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसके पास मौजूद IB आईडी कार्ड और दस्तावेज फर्जी हैं तथा वह एयरगन रौब दिखाने के लिए रखता था।
पुलिस जांच में प्रथम दृष्टया सामने आया कि आरोपी फर्जी पहचान और दस्तावेजों के जरिए खुद को IB अधिकारी के रूप में प्रदर्शित कर रहा था। मामले में थाना हल्द्वानी में FIR संख्या 315/2026 के तहत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। वाहन को मोटर वाहन अधिनियम के तहत सीज किया गया है और आरोपी को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई के लिए न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।
पुलिस आरोपी के आपराधिक इतिहास की भी जानकारी जुटा रही है। गिरफ्तारी टीम में चौकी प्रभारी भोटियापड़ाव उपनिरीक्षक कृपाल सिंह, कांस्टेबल मो. अजहर और कांस्टेबल सुनील टम्टा शामिल रहे। नैनीताल पुलिस ने स्पष्ट किया है कि फर्जी पहचान बनाने, सरकारी पद का दुरुपयोग करने अथवा सरकारी अधिकारी बनकर लोगों पर रौब जमाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
